सहारनपुर में नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों का सात दिवसीय क्षमता निर्माण प्रशिक्षण संपन्न, आपदा प्रबंधन में मिली विशेष ट्रेनिंग

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अबलीश कुमार (सहारनपुर संवाददाता)
सहारनपुर। नागरिक सुरक्षा निदेशालय उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देशानुसार जनपद सहारनपुर में 01 नवंबर से 07 नवंबर 2025 तक आयोजित क्षमता निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम का आज भव्य समापन हुआ। गृह मंत्रालय भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना के तहत पूरे प्रदेश में 360 स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसके क्रम में सहारनपुर में यह प्रशिक्षण सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। प्रशिक्षण के अंतिम दिन घाव एवं रक्तस्राव नियंत्रण, फ्रैक्चर एवं प्राथमिक चिकित्सा, स्ट्रोक-हार्ट अटैक, जलन एवं स्केल्स तथा पट्टी बांधने जैसे जीवन रक्षक विषयों पर गहन प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षक के रूप में श्री कश्मीर सिंह (डिप्टी कंट्रोलर), श्री दिनेश कुमार (सहायक उपनियंत्रक, वरिष्ठ वेतनमान), डॉ. रजनीश सिंघल (IMA), डॉ. गिरीश डांग (IMA) तथा श्री भूपेन्द्र कुमार (भंडार अधीक्षक ग्रेड-1) ने अपनी विशेषज्ञता साझ101 गई। प्रशिक्षण के बाद सभी प्रशिक्षणार्थियों की लिखित एवं व्यावहारिक परीक्षा ली गई तथा विस्तृत फीडबैक एकत्र किया गया। इस दौरान अपर जिला अधिकारी (प्रशासन) ने कहा, “यह प्रशिक्षण न केवल स्वयंसेवकों के लिए बल्कि पूरे समाज के लिए वरदान साबित होगा। प्राकृतिक एवं मानव-निर्मित आपदाओं के दौरान ये प्रशिक्षित स्वयंसेवक समाज की रक्षा के लिए पहली पंक्ति में खड़े होंगे।” मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. प्रवीण कुमार ने कहा, “आपातकालीन चिकित्सा ज्ञान हर नागरिक के लिए आवश्यक है।

इस प्रशिक्षण से स्वयंसेवक अब घाव, रक्तस्राव, हार्ट अटैक जैसी स्थितियों में तत्काल प्राथमिक उपचार प्रदान कर अनगिनत जिंदगियां बचा सकेंगे। स्वास्थ्य विभाग की ओर से ऐसे आयोजनों का पूर्ण समर्थन रहेगा।” उपनियंत्रक श्री कश्मीर सिंह ने बताया, गृह मंत्रालय के निर्देश पर सहारनपुर में यह प्रशिक्षण आयोजित किया गया। ये स्वयंसेवक आपदा के समय पुलिस, प्रशासन एवं चिकित्सा टीमों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर कार्य करेंगे। चीफ वार्डन श्री राजेश कुमार जैन ने कहा, ऐसे प्रशिक्षण स्वयंसेवकों की क्षमता को कई गुना बढ़ाते हैं। आपदा बचाव के व्यावहारिक तरीके सिखाए गए हैं। भविष्य में भी नियमित रूप से ऐसे कार्यक्रम आयोजित होंगे। डिप्टी चीफ वार्डन श्री हंसराज सैनी ने सभी अतिथियों, प्रशिक्षकों एवं प्रतिभागियों का आभार व्यक्त किया तथा प्रशिक्षणार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। कार्यक्रम का संचालन श्री दिनेश कुमार (सहायक उपनियंत्रक) ने कुशलतापूर्वक किया। यह प्रशिक्षण आपदा प्रबंधन में ‘सामुदायिक भागीदारी’ को सशक्त बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित हुआ है। प्रशिक्षित स्वयंसेवक अब किसी भी आपात स्थिति में पहले उत्तरदाता (First Responder) की भूमिका निभाने को पूर्णतः सक्षम हैं।
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