ढाका में दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सेमिनार में प्रतिभाग करने पहुंचे प्रसिद्ध अंतर्राष्ट्रीय शायर व कवि अफजल मंगलौरी

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नरेश मित्तल (संवाददाता)
रुड़की। उत्तराखंड उर्दू अकादमी के पूर्व उपाध्यक्ष व अंतरराष्ट्रीय शायर अफजल मंगलौरी ढाका (बंगलादेश) में ढाका यूनिवर्सिटी में दो दिवसीय विश्व उर्दू सम्मेलन में भारत का प्रतिनिधित्व के ढाका पहुंच गए हैं। उन्होंने बताया कि इस विश्व स्तरीय सेमिनार में लगभग बाइस देशों के शायर, शिक्षक, बुद्धिजीवी और लेखक भाग ले रहे हैं। ढाका यूनिवर्सिटी के उर्दू विभाग के अध्यक्ष प्रोफेसर गुलाम रब्बानी की सूचना के अनुसार बांग्ला कवि काजी नजरुल इस्लाम और उर्दू शायर डॉ० इकबाल की आजादी के आंदोलन में सेवाओं और योगदान पर विश्व सेमिनार और अंतरराष्ट्रीय मुशायरा भी आयोजित किया जाएगा।

इस सम्मेलन में ईरान, मलेशिया, दुबई, स्वीडन, नॉर्वे, मॉरीशस, मिस्र, तुर्की, इंग्लैंड, अमेरिका, नेपाल व पाकिस्तान सहित कुल बाइस देशों के विद्वान राष्ट्रीय जनजागरण में कवि नजरुल इस्लाम व इकबाल के योगदान पर चर्चा करेंगे। अफजल मंगलौरी इस सेमिनार में उत्तराखंड के प्रथम कवि है, जो बंगलादेश में साहित्यिक संगोष्ठी में भाग ले रहे हैं। ज्ञात रहे कि अफजल मंगलौरी इससे पूर्व गत तीन माह पहले दुबई, शारजाह, काठमांडू (नेपाल) में भी भारत की ओर से शिरकत कर चुके हैं, जहां उनको कई सम्मान प्राप्त हो चुके हैं। भारत की ओर से दिल्ली से प्रोफेसर ख्वाजा इकराम, जम्मू कश्मीर से डा० नसीब अली चौधरी भी इस विश्व उर्दू सम्मेलन में भाग लेने ढाका पहुंच गए हैं।
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