उत्तराखंड

राष्ट्र भक्ति आश्रम हरिपुर कलां निवासी साध्वी ने आईएएस व पुलिस के संरक्षण में लगाया आश्रम पर कब्जा करने का आरोप

कलयुग दर्शन (24×7)

दीपक झा (संवाददाता)

हरिद्वार। राष्ट्र भक्ति आश्रम हरिपुर कलां निवासी साध्वी रेणुका ने गैरकाूननी तरीके से आश्रम पर आईएएस के संरक्षण में कब्जा करने का आरोप लगाते हुए गृह मंत्रालय, मानवाधिकार आयोग समेत सीएम धामी को पत्र लिखकर मामले की जांच व आश्रम को कब्जा मुक्त कराने की मांग की है। प्रेस क्लब में पत्रकारों से वार्ता करते हुए साध्वी रेणुका ने बताया कि उनके आश्रम पर गैर काूननी तरीके से आईएएस अनुराधा पाल के संरक्षण में स्थानीय पुलिस के सहयोग से जबरन कब्जा कर लिया गया। बताया कि उन्होंने 2 नवम्बर 2025 को एक प्रार्थना पत्र कपिल तिवारी, सुदेश व अन्य के खिलाफ आश्रम में चोरी व कब्जे के प्रयास का आरोप लगाते हुए थाना रायवाला में दिया था। पुलिस ने कार्यवाही करने के बजाय उन्हें वहां से भगा दिया। आरोपितों ने आश्रम में आकर उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी। इतना होने के बाद उन्होंने एक पत्र प्रमुख सचिव उत्तराखण्ड को भी भेजा, किन्तु उस पर भी कोई कार्यवाही नहीं हुई। साध्वी रेणुका ने कहाकि आईएएस अनुराधा पाल के संरक्षण में पुलिस की मिलीभगत से उन्हें परेशान किया जा रहा है। कहा कि 20 नवम्बर 2025 को कुछ हथियारबंद लोगों ने उन पर जानलेवा हमला किया। जिसकी शिकायत 112 पर उन्होंने की।

मौके पर पहुंचे चौकी प्रभारी ने न्याय दिलाने की बजाय मुझ पर दबाव बनाकर मामले को रफा-दफा करने में अपनी रूचि दिखायी। कहाकि बामुश्किल पुलिस ने इस मामले में मुकदमा तो दर्ज कर लिया, किन्तु आज तक कोई कार्यवाही आरोपितों के खिलाफ नहीं हो पायी। कहाकि इस मामले को लेकर पुलिस मेरे गुरु भाई निरजन चैतन्य को झूठे मुकदमें में फंसाने में लगी हुई है। उन्होंने कहाकि 23 दिसम्बर को सिविल वाद दायर किया गया। उसी दिन शाम को निरंजन चैतन्य के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया, जबकि वह मौके पर मौजूद तक नहीं थे। 25 दिसम्बर को छत के रास्ते पुलिस ने आकर बलपूर्वक उन्हें आश्रम से निकाल दिया। उन्होंने कहाकि एक पीड़ित की मदद करने के बजाय पुलिस खुद गुण्डागर्दी पर उतर आयी है। उन्होंने कहाकि प्रदेश में गुंडों की जरूरत नहीं है। पुलिस ही गुंडों का कार्य कर रही है। जिस कारण से वह अपना आश्रम होने के बाद भी सड़कों पर भटकने के लिए मजबूर हैं। उन्होंने मामले की जांच करवाकर दोषियों के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही करने की मांग की।

[metaslider id="7337"]


[banner id="7349"]

Related Articles

Back to top button