निर्मल अखाड़े के संतों ने लगाया विद्यार्थियों व सेवादारों पर हमले का आरोप
पुलिस प्रशासन से की दोषीयों को गिरफ्तार कर कड़ी कार्रवाई करने की मांग

कलयुग दर्शन (24×7)
विनय कुमार (संवाददाता)
हरिद्वार। श्री पंचायती अखाड़ा निर्मल की एक्कड़ शाखा के संतों ने भूमाफियाओं पर अखाड़े के विद्यार्थियों और सेवादारों पर हमला कर गंभीर रूप से घायल करने का आरोप लगाते हुए पुलिस से कार्रवाई की मांग की है। अखाड़े की एक्कड शाखा में पत्रकारों को जानकारी देते हुए मुकामी महंत संत हरी सिंह, संत गज्जन सिंह, संत निर्भय सिंह एवं संत वीर सिंह ने ग्राम इब्राहिमपुर स्थित अखाड़े की कृषि भूमि पर खेती का काम देखने गए अखाड़े के विद्यार्थियों और सेवादारों पर भूमाफियाओं द्वारा हमला कर गंभीर रूप से घायल करने का आरोप लगाते हुए पुलिस प्रशासन से दोषियों को गिरफ्तार कर कड़ी कार्रवाई करने की मांग करते हुए कहा कि हमला करने वाले भूमाफिया के खिलाफ कार्रवाई नहीं की गयी तो संत समाज के साथ बैठक कर आगे की रणनीति बनायी जाएगी। मुकामी महंत हरी सिंह ने बताया कि अखाड़े की इब्राहिमपुर गांव में बेशकीमती कृषि भूमि है। जिस पर क्षेत्र के भूमाफिया की गिद्ध दृष्टि लगी हुई है। राजनैतिक संरक्षण में भूमाफिया अखाड़े के खिलाफ साजिश और षड़यंत्र कर भूमि पर कब्जे का प्रयास करते रहते हैं।

बुधवार को अखाड़े के विद्यार्थी और सेवादार कृषि भूमि की देखभाल करने गए थे। इसी दौरान कुछ भूमाफिया वहां आए और गाली गलौच करते हुए सेवादारों और विद्यार्थियों पर हमला कर दिया। जिसमें दो विद्यार्थी 16 वर्षीय गोविंद सिंह व 17 वर्षीय प्रिंस सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जहां उनका इलाज चल रहा है। उन्होंने बताया कि पथरी थाने में हमलावरों के खिलाफ तहरीर दी गयी है। पुलिस को जल्द से जल्द हमलावरों को गिरफ्तार कर जेल भेजना चाहिए। मुकामी महंत संत हरी सिंह ने बताया कि अखाड़े के अध्यक्ष श्रीमहंत ज्ञानदेव सिंह महाराज व कोठारी महंत जसविंदर सिंह महाराज संत सम्मेलन में भाग लेने के लिए नासिक गए हुए हैं। उन्हें भी घटना से अवगत करा दिया है। श्रीमहंत ज्ञानदेव सिंह व कोठारी महंत जसविंदर सिंह के वापस लौटने पर आगे की कार्यवाही की जाएगी।



