जनसुनवाई में 90 शिकायतें दर्ज, 55 का मौके पर निस्तारण
सीएम हेल्पलाइन की लंबित शिकायतों को प्राथमिकता से निपटाने के डीएम ने दिए निर्देश

कलयुग दर्शन (24×7)
मो नदीम (संपादक)
हरिद्वार। जनपदवासियों की समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से जिलाधिकारी मयूर दीक्षित की अध्यक्षता में सोमवार को जिला कार्यालय सभागार में जनसुनवाई कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें विभिन्न विभागों से संबंधित 90 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 55 का मौके पर ही निस्तारण किया गया। शेष शिकायतों को त्वरित समाधान के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों को भेजा गया। जनसुनवाई में राजस्व, भूमि विवाद, विद्युत, अतिक्रमण, जलभराव, पेयजल और राशन कार्ड सहित विभिन्न समस्याएं उठाई गईं।
आवास, भूमि और गंगा पटरी मार्ग से जुड़ी शिकायतें उठीं
जनसुनवाई में जगजीतपुर निवासी श्यामलाल ने प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के तहत आवास उपलब्ध कराने की मांग की। वहीं, धर्मेंद्र पुत्र लालसिंह ने बताया कि ग्राम रांघड़वाला, परगना रुड़की में वर्ष 1998-99 में खसरा संख्या 333 के तहत उन्हें पट्टा आवंटित किया गया था, लेकिन आज तक उसका नाम खतौनी में दर्ज नहीं हुआ है। उन्होंने खतौनी में पट्टे का विवरण दर्ज कराने की मांग की। समाजसेवी नितिन यादव ने भागीरथी बिंदु से गीता कुटीर तक गंगा पटरी मार्ग का निर्माण और सौंदर्यीकरण कराने के लिए प्रार्थना पत्र दिया। वहीं, पीठ बाजार भूपतवाला के व्यापारी नितिन यादव ने पिछले 25 वर्षों से संचालित पीठ बाजार की व्यवस्था में सुधार करने और बाजार को किसी अन्य स्थान पर स्थानांतरित करने की मांग उठाई।

समस्याओं के निस्तारण में लापरवाही बर्दाश्त नहीं: डीएम
जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसुनवाई में प्राप्त शिकायतों का समयबद्ध और प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिकायतों के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिन शिकायतों के निस्तारण के लिए स्थलीय निरीक्षण आवश्यक है, उन पर संबंधित अधिकारी आपसी समन्वय से मौके पर पहुंचकर जांच करें और समस्या का समाधान सुनिश्चित करें। अधिकारियों को जनता की समस्याओं के प्रति संवेदनशीलता बरतने के भी निर्देश दिए गए।

सीएम हेल्पलाइन की 658 शिकायतें लंबित
बैठक में सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज शिकायतों की भी समीक्षा की गई। मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए उनका शीघ्र निस्तारण किया जाए। उन्होंने शिकायतकर्ताओं से दूरभाष पर संपर्क करने, आवश्यकता के अनुसार स्थलीय निरीक्षण करने और उनसे सीधे बातचीत कर समस्या का समाधान सुनिश्चित करने को कहा। समीक्षा के दौरान 36 दिन से अधिक समय से लंबित शिकायतों के शीघ्र निस्तारण पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों को बताया गया कि सीएम हेल्पलाइन पर एल-1 स्तर की 524 और एल-2 स्तर की 134 शिकायतें निस्तारण के लिए लंबित हैं। इन सभी शिकायतों का प्राथमिकता से समाधान करने के निर्देश दिए गए। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट रुड़की दीपक रामचंद्र सेठ, अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) जितेंद्र कुमार, अपर जिलाधिकारी वैभव गुप्ता, सीएमओ डॉ. आर.के. सिंह, उप जिलाधिकारी हरिद्वार योगेश मेहरा, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत महेश कुमार बिश्नोई, जिला खाद्य सुरक्षा अधिकारी महिमानंद जोशी, महाप्रबंधक जिला उद्योग केंद्र उत्तम कुमार तिवारी, जिला पर्यटन अधिकारी सुशील नौटियाल, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी मीरा रावत, जिला प्रोबेशन अधिकारी अविनाश भदौरिया और अधिशासी अभियंता यूपीसीएल दीपक सैनी सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी तथा विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादी मौजूद रहे।



