अत्यन्त सरल हैं भगवान शिव: स्वामी कैलाशानंद गिरी

कलयुग दर्शन (24×7)
राकेश वालिया (ब्यूरो चीफ)
हरिद्वार। निरंजन पीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज की पूरे सावन चलने वाली शिव साधना निरंतर जारी है। श्री दक्षिण काली मंदिर में आयोजित शिव साधना में सम्मिलित श्रद्धालु भक्तों को संबोधित करते हुए स्वामी कैलाशानंद गिरी महाराज ने कहा कि भगवान शिव अत्यन्त सरल हैं। उन्हें भक्तों से अधिक कुछ नहीं चाहिए। केवल एक लोटा जल और बेल पत्र अर्पित करने से ही महादेव प्रसन्न हो जाते हैं और भक्त को संसार का समस्त वैभव प्रदान कर देते हैं। स्वामी कैलाशानंद गिरी ने कहा कि सावन भगवान शिव को प्रसन्न करने का सबसे उत्तम अवसर है। सावन में मन, वचन और कर्म से सात्विक रहकर गंगा जल मिश्रित पंच द्रव्यों से प्रतिदिन भगवान शिव का जलाभिषेक करें।

जलाभिषेक के समय मां पार्वती का ध्यान भी करें। ऐसा करने से शिव और शक्ति दोनों की कृपा प्राप्त होती है। स्वामी कैलाशानंद गिरी के शिष्य स्वामी अवंतिकानंद ब्रह्मचारी ने बताया कि गुरूदेव प्रतिदिन एक ही आसन में बैठक विभिन्न प्रकार के पुष्पों से शिवलिंग का श्रंग्रार करने के उपरांत 18 घंटे निर्बाध रूप से जलाभिषेक करते हुए साधना करते है। स्वामी अवंतिकानंद ब्रह्मचारी ने बताया कि गुरूदेव की साधना में देश के कोने-कोने से श्रद्धालु भक्त शामिल होने आते हैं। इस अवसर पर स्वामी कैलाशानंद गिरी के शिष्य स्वामी अवंतिकानंद ब्रह्मचारी, स्वामी कृष्णानंद ब्रह्मचारी, बाल मुकुंदानंद ब्रह्मचारी सहित कई श्रद्धालु भक्त मौजूद रहे।



