त्याग और तपस्या की प्रतिमूर्ति हैं स्वामी प्रेमानंद महाराज: साध्वी भगवती पुरी

कलयुग दर्शन (24×7)
राकेश वालिया (ब्यूरो चीफ)
हरिद्वार। निरंजनी अखाड़े की महामंडलेश्वर साध्वी भगवती पुरी ने कहा कि स्वामी प्रेमानंद महाराज त्याग और तपस्या की प्रतिमूर्ति हैं। उनके जप तप और आध्यात्मिक ज्ञान के कारण करोड़ों भक्त उनसे जुड़े हुए हैं। लेकिन स्वामी प्रेमानंद महाराज के शिष्य के आत्महत्या करने के बाद जिस प्रकार उनकी छवि को धूमिल करने का प्रयास किया जा रहा है। उसे लेकर पूरा संत समाज चिंतित है। साध्वी भगवती पुरी ने कहा कि साफ सुथरी छवि के संत स्वामी प्रेमानंद महाराज से करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था जुड़ी हुई है। उनके आध्यात्मिक प्रवचनों से भक्तों को मार्गदर्शन मिलता है।

उनके दिखाए मार्ग का अनुसरण करने पर अनेक भक्तों के जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है। लेकिन जिस प्रकार उनकी छवि खराब करने के प्रयास किए जा रहे हैं। उससे स्वामी प्रेमानंद के भक्त भी आहत हैं। साध्वी भगवती पुरी ने कहा कि यूपी सरकार को स्वामी प्रेमानंद महाराज की छवि धूमिल करने का प्रयास कर रहे तथाकथित संतों और नेताओं पर कार्रवाई करनी चाहिए। उनकी सुरक्षा को लेकर भी खतरा बना हुआ है। इसलिए सरकार को उनकी सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत करना चाहिए।




