सहारनपुर की बहू फाल्गुनी कुमार चौहान बनीं मिसेज यूएई इंटरनेशनल 2026

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अबलीश कुमार (सहारनपुर संवाददाता)
सहारनपुर। सहारनपुर की बहू और वर्तमान में अबू धाबी (संयुक्त अरब अमीरात) में रह रही फाल्गुनी कुमार चौहान ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी प्रतिभा, आत्मविश्वास और मेहनत का शानदार प्रदर्शन करते हुए मिसेज यूएई इंटरनेशनल 2026 का प्रतिष्ठित खिताब अपने नाम कर लिया। उनकी इस उपलब्धि से न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे सहारनपुर में खुशी और गर्व का माहौल है। प्रतियोगिता के अंतिम चरण में फाल्गुनी ने अपने व्यक्तित्व, आत्मविश्वास और प्रभावशाली प्रस्तुति से निर्णायकों को प्रभावित किया। उन्हें यूएई ध्वज सम्मान से सम्मानित किया गया। वहीं सामाजिक माध्यमों पर प्रभावशाली उपस्थिति के लिए ‘मिसेज सोशल मीडिया क्वीन’ का उप-खिताब भी प्रदान किया गया। अंत में उन्हें मिसेज यूएई इंटरनेशनल 2026 का विजेता घोषित किया गया। फाल्गुनी की सफलता के पीछे वर्षों की तैयारी, अनुशासन और निरंतर आत्म-विकास की कहानी है। उन्होंने प्रतियोगिता के प्रत्येक चरण के लिए गंभीरता से तैयारी की और नृत्य, मंच प्रस्तुति, व्यक्तित्व संवर्धन, शारीरिक सुदृढ़ता तथा प्रश्नोत्तर जैसे सभी पहलुओं पर लगातार मेहनत की। उनकी उपलब्धि इसलिए भी विशेष है क्योंकि उन्होंने यह मुकाम दो छोटी बेटियों की माँ होने के साथ हासिल किया। उनकी बड़ी बेटी करीब साढ़े तीन वर्ष और छोटी बेटी करीब डेढ़ वर्ष की है। बच्चों की परवरिश और पारिवारिक जिम्मेदारियों के बीच अपने सपनों के लिए समय निकालना आसान नहीं था, लेकिन उन्होंने दृढ़ संकल्प और आत्मविश्वास के साथ अपनी मंजिल हासिल की।

फाल्गुनी अपनी सफलता का श्रेय अपने पति, माता-पिता, सास-ससुर और पूरे परिवार को देती हैं। उनका कहना है कि परिवार के विश्वास, प्रेम और निरंतर सहयोग ने उन्हें हर कदम पर आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। फाल्गुनी का संदेश है कि कोई भी सपना छोटा नहीं होता और हर बड़ी सफलता की शुरुआत एक छोटे कदम से होती है। उनका मानना है कि यदि व्यक्ति अपनी सुविधा की सीमा से बाहर निकलकर साहस और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़े, तो कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं रहता। उनका जीवन मंत्र है सुविधा नहीं, साहस चुनिए। अपनी जीत पर फाल्गुनी ने कहा, ष्यह ताज मेरे लिए केवल एक खिताब नहीं, बल्कि मेरी मेहनत, तैयारी, आत्मविश्वास और उन सभी लोगों के विश्वास का सम्मान है, जिन्होंने हर कदम पर मेरा साथ दिया। आज इस मुकाम पर पहुंचकर मुझे अपने परिवार, अपनी जड़ों और अपने देश पर गर्व है। सहारनपुर के परिवार से जुड़ी फाल्गुनी कुमार चौहान की यह उपलब्धि इस बात का प्रमाण है कि मातृत्व और पारिवारिक जिम्मेदारियां किसी महिला के सपनों की बाधा नहीं, बल्कि उसकी सबसे बड़ी ताकत बन सकती हैं। उनकी सफलता उन सभी महिलाओं के लिए प्रेरणा है, जो परिवार की जिम्मेदारियों के साथ अपने सपनों को भी साकार करना चाहती हैं। फाल्गुनी का कहना है कि ‘मिसेज यूएई इंटरनेशनल 2026’ का यह खिताब उनके लिए केवल एक उपलब्धि नहीं, बल्कि एक नई जिम्मेदारी और नई शुरुआत है। आने वाले समय में वह अधिक से अधिक महिलाओं को आत्मविश्वास के साथ अपने सपनों को पूरा करने के लिए प्रेरित करना चाहती हैं।



